250 करोड़ स्मार्टफोन्स पर खतरा! फोन में आए इस वायरस को नहीं किया जा सकता डिलीट

By Abhishek Raghuvanshi
3 Min Read
फोन पर मैलवेयर अटैक हो रहा है.

ये वायरस बेहद खतरनाक है और ये चुपके से इंस्टॉल होने के बाद ऐप में मौजूद यूज़र के सारे डेटा का ऐक्सेस ले लेता है…

एंड्रॉयड स्मार्टफोन्स (android smartphones) पर मैलवेयर का खतरा कुछ समय में काफी बढ़ गया है. अब कैस्पर्सकी (Kaspersky) टीम ने ऐसे मैलवेयर (malware) का पता लगाया है जो 250 करोड़ स्मार्टफोन पर खतरा बन कर मंडरा रहा है. xHelper नाम का वायरस ऐप्स के ज़रिए फोन में घुस जाता है, जो खुद को Trojan-Dropper.AndroidOD.Helper.h के रूप में पेश करता है और दावा करता है कि ये फोन को क्लीन करके परफॉर्मेंस को फास्ट कर देगा. लेकिन जब आप इसे डाउनलोड करते हैं तो ये फोन पर मैलिशियस सॉफ्टवेयर ‘rojan-Downloader.AndroidOS.Leech.p’ डाउनलोड कर देता है.

इसके बाद Leech.p फोन में ‘HEUR:Trojan.AndroidOS.Triada.dd’ नाम का सॉफ्टवेयर डाउनलोड कर देता है और फोन के रूट एकसेस की परमिशन दे देता है.

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कैस्पर्सकी के  मुताबिक ये रूट एक्सेस चीप चाइनीज़ फोन पर चले जाते हैं, जो कि एंड्रॉयड 6 या एंड्रॉयड 7 पर रन करते हैं. डराने वाली बात ये है कि इस सॉफ्टवेयर के साथ हम कोई छेड़छाड़ नहीं कर सकते हैं और ना ही इसे डिलीट किया जा सकता है. इसलिए एंटीवायरस के लिए इससे ठीक करना थोड़ा मुश्किल हो जाता है.

सिक्योरिटी एक्सपर्ट्स ने इस मैलवेयर को बेहद खतरनाक बताया है. ये चुपके से इंस्टॉल होने के बाद ऐप में मौजूद यूज़र के सारे डेटा का ऐक्सेस ले लेता है. इतना ही नहीं, जब भी कोई यूज़र इस ऐप या मैलवेयर को अनइंस्टॉल करने की कोशिश करता है, तो ये ऑटोमैटिकली फिर से इंस्टॉल हो जाता है.

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साइबर सिक्योरिटी एक्सपर्ट्स ने इसे फोन से हटाने का एक तरीका बता दिया है.

–इसके लिए आपके एंड्रॉयड फोन में रिकवरी मोड सेटअप में जाना होगा.

— इसके बाद आप ओरिजनल फर्मवेयर से libc.so फाइल को बाहर निकालकर इंफेक्टेड फाइल से रिप्लेस कर सकते है. ये प्रोसेस आपको सिस्टम पार्टिशन से सभी मैलवेयर को हटाने से पहले करना है.

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First published: April 13, 2020, 10:01 AM IST

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